भारत का इतिहास प्राचीन सभ्यताओं, महान साम्राज्यों, सांस्कृतिक विविधता, और सामाजिक-धार्मिक परंपराओं से भरा हुआ है।
भारत की शुरुआत सिंधु घाटी सभ्यता (लगभग 3300–1300 ई.पू.) से होती है, जो विश्व की सबसे प्राचीन सभ्यताओं में से एक है। इसके बाद वैदिक काल आया, जिसमें वेदों की रचना हुई और आर्यों का आगमन हुआ।
महाजनपद काल (लगभग 600–400 ई.पू.) में विभिन्न राज्यों का उदय हुआ, जिनमें मगध सबसे प्रमुख था। मौर्य साम्राज्य (321–185 ई.पू.) अशोक महान के समय में अपने चरम पर पहुंचा, जिसने बौद्ध धर्म को व्यापक रूप से फैलाया।
गुप्त काल (लगभग 320–550 ईस्वी) को भारत का स्वर्ण युग कहा जाता है, जब कला, विज्ञान, और साहित्य में महत्वपूर्ण प्रगति हुई। इसके बाद भारत में कई छोटे-बड़े राजवंशों का शासन रहा, जैसे कि चोल, पल्लव, चालुक्य, और राजपूत।
मध्यकालीन भारत में मुस्लिम आक्रमण और दिल्ली सल्तनत (1206–1526) का उदय हुआ, जिसके बाद मुगल साम्राज्य (1526–1857) ने लगभग पूरे भारत पर शासन किया। मुगलों के समय में कला, संस्कृति, और वास्तुकला में अभूतपूर्व विकास हुआ।18वीं शताब्दी में, अंग्रेजों ने भारत में अपने उपनिवेश की स्थापना की और धीरे-धीरे पूरे देश पर नियंत्रण कर लिया।
भारतीय स्वतंत्रता संग्राम (1857–1947) के बाद, महात्मा गांधी के नेतृत्व में अहिंसक आंदोलन के परिणामस्वरूप 15 अगस्त 1947 को भारत को स्वतंत्रता मिली।
स्वतंत्रता के बाद, भारत ने लोकतंत्र को अपनाया और एक गणराज्य के रूप में अपनी पहचान बनाई। तब से, भारत ने आर्थिक, सामाजिक, और सांस्कृतिक क्षेत्रों में महत्वपूर्ण प्रगति की है और आज यह दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्रों में से एक है।